सरकारी जमीन पर अतिक्रमण पड़ा भारी; गेवराबुज के सरपंच की कुर्सी गई
– जिलाधिकारी ने मोहन चन्नावार को सरपंच पद के लिए किया अयोग्य घोषित
The गडविश्व
सावली, ता. ९ : सरकारी जमीन पर अवैध निर्माण और अतिक्रमण करना सावली तहसील के गेवराबुज ग्राम पंचायत के सरपंच मोहन चन्नावार को भारी पड़ गया। अतिक्रमण का आरोप जांच में सिद्ध होने के बाद जिलाधिकारी ने चन्नावार को सरपंच पद के लिए अयोग्य घोषित कर दिया। इस फैसले के साथ ही उन्हें सरपंच की कुर्सी गंवानी पड़ी।
गेवराबुज गांव के मुख्य चौक स्थित सार्वजनिक जमीन पर सरपंच मोहन चन्नावार द्वारा अपने पद का दुरुपयोग करते हुए मकान का निर्माण किए जाने की शिकायत ग्राम पंचायत के पूर्व उपसरपंच तिलक वाडणकर ने गट विकास अधिकारी से की थी। शिकायत के आधार पर हुई जांच में आरोपों में तथ्य पाए गए। इसके बाद संबंधित प्रकरण जिलाधिकारी के समक्ष भेजा गया।
इस मामले में करीब एक वर्ष तक जिलाधिकारी के समक्ष सुनवाई चली। सुनवाई के दौरान शिकायतकर्ता ने अतिक्रमण से संबंधित दस्तावेज और अन्य सबूत प्रस्तुत किए। वहीं, गैर-अर्जदार को भी अपना पक्ष रखने का पर्याप्त अवसर दिया गया। हालांकि, वे अपने पक्ष को प्रभावी ढंग से साबित नहीं कर सके।
सुनवाई के दौरान प्रस्तुत दस्तावेजों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर जिलाधिकारी ने मोहन चन्नावार को सरपंच पद के लिए अयोग्य घोषित कर दिया। सरकारी जमीन पर अतिक्रमण का मामला सिद्ध होने के बाद गेवराबुज ग्राम पंचायत में सरपंच पद की कुर्सी चली गई है।

