गडचिरोली के 37 अतिदुर्गम किसान आधुनिक खेती सीखने निकले, 8 दिवसीय कृषि अध्ययन दौरे की शुरुआत
The गढ़विश्व
गढ़चिरौली, ता.३० : जिले के अतिदुर्गम क्षेत्रों के किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, उन्नत खेती और नए कृषि प्रयोगों से परिचित कराने के उद्देश्य से गडचिरोली पुलिस की ‘दादालोरा खिडकी’ और ‘प्रोजेक्ट कृषि समृद्धि’ के तहत 17वें कृषि दर्शन एवं अध्ययन दौरे का आयोजन किया गया है। इस दौरे में जिले के विभिन्न अतिदुर्गम क्षेत्रों के 37 किसान शामिल हुए हैं।
पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के मार्गदर्शन में आयोजित यह आठ दिवसीय दौरा 29 सितंबर को शुरू हुआ। पुलिस अधीक्षक एम. रमेश ने हरी झंडी दिखाकर किसानों को रवाना किया। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक (प्रशासन) गोकुल राज जी. तथा अपर पुलिस अधीक्षक, अहेरी हर्षवर्धन बी. जे. उपस्थित थे।
पारंपरिक खेती से आधुनिक तकनीक की ओर कदम
गडचिरोली जिले के कई किसान आज भी पारंपरिक पद्धति से खेती करते हैं। सीमित उत्पादन और आय के कारण किसानों के आर्थिक विकास में बाधाएं आती हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए किसानों को जिले से बाहर ले जाकर प्रगतिशील किसानों की खेती, आधुनिक कृषि उपकरणों और उन्नत तकनीकों का प्रत्यक्ष अनुभव कराया जा रहा है।
दौरे में शामिल किसान बडनेरा, अकोला, शेगांव, जलगांव, वेरूळ, राहुरी, पैठण, संभाजीनगर, परभणी, यवतमाल, वरोरा और घातखेड स्थित कृषि विज्ञान केंद्रों तथा विभिन्न कृषि प्रक्षेत्रों का दौरा करेंगे। इसके अलावा नागपुर स्थित नींबूवर्गीय अनुसंधान केंद्र का भी भ्रमण किया जाएगा। हिंगोली के प्रगतिशील किसानों के साथ संवाद कर खेती के आधुनिक तरीकों की जानकारी भी प्राप्त की जाएगी।
16 दौरों में 738 किसानों ने लिया लाभ
पुलिस दादालोरा खिडकी के माध्यम से अब तक आयोजित 16 कृषि दर्शन एवं अध्ययन दौरों में 738 महिला और पुरुष किसानों ने सहभाग लिया है। 17वें दौरे में गडचिरोली, पेंढरी कैंप कारवाफा, धानोरा और कुरखेड़ा उपविभाग के अतिदुर्गम क्षेत्रों के 37 किसान शामिल हैं।
इस अध्ययन दौरे के माध्यम से किसान आधुनिक कृषि तकनीकों को प्रत्यक्ष रूप से समझकर उन्हें अपनी खेती में अपनाने का प्रयास करेंगे। इससे कृषि उत्पादन और आय में वृद्धि के साथ किसानों के जीवन स्तर में सुधार लाने में मदद मिलने की उम्मीद है।
यह अध्ययन दौरा 29 सितंबर से 6 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किया गया है। कार्यक्रम की सफलता के लिए सभी उपविभागीय अधिकारी, पुलिस थाना, उपपुलिस थाना एवं पुलिस मदद केंद्रों के प्रभारी अधिकारियों के साथ नागरी कृति शाखा के प्रभारी पुलिस उपनिरीक्षक चंद्रकांत शेळके, धानोरा थाने के पुलिस उपनिरीक्षक अजय कोरडे तथा पुलिस कर्मचारियों ने प्रयास किए हैं।

